बेतुके गायक से 'गंगनम स्‍टाइल'

दक्षिण कोरियाई रेपर फीजि का 'गंगनम स्‍टाइल' वीडियो एक अरब व्‍यूवर्स के आंकड़े को छूने वाला है, जो 15 जुलाई 2012 को यूट्यूब पर रिलीज किया गया था। विश्‍व भर में 'गंगनम स्‍टाइल' से प्रसिद्ध हो चुके फीजि का असली नाम पार्क जिय संग है, उनका जन्‍म 31 दिसम्‍बर 1977 को गंगनम जिले में हुआ था, उनके पिता पार्क वॉन हो, डी आई कॉर्पोरेशन के कार्यकारी अध्यक्ष थे।

'गंगनम स्‍टाइल' से प्रसिद्ध हुए फीजि दक्षिण कोरियाई लोगों के लिए कम मुश्‍किलें खड़ी करने वाले नहीं रहे, उनको उनके टीचर तक पसंद नहीं करते थे, वीकिपीडिया के अनुसार उनके टीचर द्वारा सियोल ब्रॉडक्रास्‍टिंग को दिए एक साक्षात्‍कार में कहा, वो गंगनम स्‍टाइफ फेम फीजि को पसंद नहीं करते थे, वो क्‍लास रूम में अश्‍लील चुटकले सुनाकर बच्‍चों को प्रभावित करता था।

1996 में फीजि को बिजनस संबंधी पढ़ाई के लिए बॉस्‍टन यूनिवर्सिटी भेजा गया, लेकिन बहुत जल्‍द उसका पढ़ाई से मन ऊब गया, और वो अपनी ट्यूशन फीस को म्‍यूजिक संसाधनों को खरीदने में खर्च करने लगा। उसने ब्रेकली कॉलेज ऑफ म्‍यूजिक में दाखिल लिया, लेकिन बहुत जल्‍द गायक बनने की लालसा उस को फिर से दक्षिण कोरिया की तरफ खींच लाई।

जनवरी 2001 में फीजि ने अपनी पहली एलबम फीजि चो रिलीज की, लेकिन दक्षिण कोरिया सरकार ने इस एलबम के लिए फीजि को जुर्माना तक ठोक दिया। इसके बाद 2002 में सा 2 रिलीज की, जिसका दक्षिण कोरिया के लोगों ने विरोध कर दिया, अंत इस अलबम की खुली बिक्री पर बैन लगा दिया गया, यह कहते हुए कि इस को कम उम्र के बच्‍चों को न बेचा जाए। सितम्‍बर 2002 में आई उनकी तीसरी 3 फीजि के लिए उनको सम्‍मानित किया गया, इस एलबम के गीत चैम्‍पियन को बेहद सफलता मिली।

2003 के बाद दक्षिण कोरियाई सरकार के नियम के तहत फीजि को फौज के अंदर देश हित में सेवा करने के लिए चयनित किया गया। तीन साल बाद नौकरी के दौरान फीजि की चौथी एल्‍बम रिलीज हुई सा जिब, जिसको बेहद प्रसिद्धी मिली। इस सफलता के बाद फीजि ने नौकरी पर ध्‍यान देना कम करते हुए अपने संगीतक प्रोग्रामों की तरफ ध्‍यान देना ज्‍यादा कर दिया, जो कानूनी तौर पर वहां के प्रशासकों की नजर में गलत था। उनको कोर्ट में पेश होना पड़ा एवं इसके बाद उसने 2009 में फौज की नौकरी से छुटकारा पाया, लेकिन पैसों की तंगी के चलते वो अपनी कोई नई एलबम रिलीज कर न सका, तब उसकी पत्‍नि ने उसको अपने एक दोस्‍त की कंपनी में काम करने की सलाह दी। फीजि की पांचवी एलबम 2010 में रिलीज हुई, लेकिन इस पर अश्‍लीलता के चलते दक्षिण कोरिया के मंत्रालय द्वारा प्रतिबंध लगा दिया गया था।

इसके बाद 2012 में फीजि की छठी एलबम रिलीज हुई 'फीजि सिक्‍स'। इसमें शामिल गंगनम स्‍टाइल गीत को जुलाई में यूट्यूब पर डाला गया, और अगस्‍त तक आते आते यह वीडियो यूट्यूब के सारे रिकॉर्ड तोड़ते हुए नम्‍बर पर आ गई। अब इस वीडियो को देखने वालों का आंकड़ा एक अरब को पार करने वाला है।

गैंगनम स्‍टाइल से प्रसिद्ध हुए फीजि को दक्षिण कोरियाई लोग बेतुका गायक कहकर भी पुकारते हैं। फीजि को 2001 में नशा रखने के आरोप में गिरफ्तार भी किया गया था, और इस दौरान उनके दादा की मौत हो गई थी, जिनकी अंतेष्‍टि के वक्‍त फीजि नहीं पहुंच सके थे, आज भी उसको इस बात का अफसोस है।

Comments

  1. बढ़िया लेखन, बधाई !!

    ReplyDelete
  2. बढ़िया लेखन,

    ReplyDelete
  3. सुन्दर प्रस्तुति-

    ReplyDelete

Post a Comment

हार्दिक निवेदन। अगर आपको लगता है कि इस पोस्‍ट को किसी और के साथ सांझा किया जा सकता है, तो आप यह कदम अवश्‍य उठाएं। मैं आपका सदैव ऋणि रहूंगा। बहुत बहुत आभार।

Popular posts from this blog

हैप्पी अभिनंदन में इंदुपुरी गोस्वामी

कुछ मिले तो साँस और मिले...

महात्मा गांधी के एक श्लोक ''अहिंसा परमो धर्म'' ने देश नपुंसक बना दिया!

विद्या बालन की 'द डर्टी पिक्‍चर'

यदि ऐसा है तो गुजरात में अब की बार भी कमल ही खिलेगा!

'XXX' से घातक है 'PPP'

'प्रभु की रेल' से अच्छी है 'रविश की रेल'